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Pramod Kumar

ज्ञानवापी मस्जिद विवाद क्या है, पूजा स्थल कानून क्या है, बनारस भी अयोध्या के राह पर

आधार कार्ड में बदलाव, जाने आधार कार्ड के बारे में क्या बदलाव हुआ !

अब आधार कार्ड में पति या पिता का जिक्र नहीं अब लिखा जाएगा " केयर ऑफ "

आधार कार्ड  अब रिश्तो को जाहिर करने वाला दस्तावेज नहीं रहा गया है अब यह  केवल आपकी विशिष्ट पहचान का माध्यम भर रह गया है ।
• अब आधार कार्ड में पति या पिता का जिक्र नहीं उसकी जगह "केयर आफ "दर्जा हगा ।
•नाम और पता देकर भी बनवाया जा सकेगा आधार कार्ड

अनाथो को होगी आसानी :-


आधार कार्ड के बारे में विशेष जानकारियां :-

•यह संख्या भारत में कहीं भी, व्यक्ति की पहचान और पते का प्रमाण होगा ।

•भारतीय डाक द्वारा प्राप्त और UIDAI की बेवसाइट से डाउनलोड किया गया E-आधार दोनों ही समान रूप से मान्य है।

•कोई भी व्यक्ति आधार के लिए नामांकन करवा सकता है बशर्ते वह भारत का निवासी हो और UIDAI द्वारा निर्धारित सत्यापन प्रक्रिया को पूरा करता हो , चाहे उसकी उम्र और लिंग ( जेंडर) कुछ भी हो।
 •प्रत्येक व्यक्ति केवल एक बार नामांकन करवा सकता है, नामांकन निशुल्क है।
•आधार कार्ड एक पहचान पत्र मात्र है तथा यह  नागरिकता का प्रमाण  पत्र नहीं है ।

•आधार दुनिया की सबसे बड़ी बायोमेट्रिक आईडी प्रणाली हैं आधार को निवास का सबूत मारा जाता है लेकिन नागरिकता का नहीं।





भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) :- भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण आधार अधिनियम 2016 के प्रावधानों के बाद इलेक्ट्रॉनिक और  सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय
के अधिकार क्षेत्र के तहत भारत सरकार द्वारा 12 जुलाई 2016 को स्थापित एक वैधानिक प्राधिकारी है।

UIDAI को भारत के सभी निवासियों 12 अंकों की अनूठी पहचान संख्या(जिसे "आधार" कहा जाता है) असाइन करने के लिए अनिवार्य है।
यह संख्या निवासी के मूल जनसांख्यिकी और बायोमेट्रिक जानकारी जैसे एक तस्वीर, 10 फिंगर प्रिंट्स और दो आइरिस स्कैन से जुड़ी हैं जो केंद्रीकृत  डेटाबेस में संग्रहित हैं।

भारत सरकार द्वारा इसकी शुरुआत 2009 में राजपत्र में अधिसूचना के माध्यम से  योजना आयोग के तहत एक संलग्न  कार्यालय के रूप में की गई थी।
UIDAI डाटा सेंटर औधौगिक मॉडल टाउनशिप मानेसर में स्थित है
बंगलुरु और मानेसर आधार डाटा लगभग 7000 सर्वरो  में रखा जाता है

आधार कार्ड को अपडेट कैसे करें :-

आप अपने आधार कार्ड को ऑनलाइन या ऑफलाइन अपडेट कर सकते हैं या खो  गए आधार कार्ड पुनः प्राप्त कर सकते हैं
यह डाउनलोड किया गया आधार कार्ड पूर्णत: वैध होगा।
चूंकि ऑनलाइन लेनदेन OTP प्रमाणित है, इसलिए आधार के साथ अपना वैध मोबाइल नंबर पंजीकृत कराना अनिवार्य हो जाता है।
स्वय कैसे करें :-
यदि आप अपडेशन के लिए ऑनलाइन स्वयंं सर्विस अद्धतन (अपडेट) पोर्टल (SSUP) का उपयोग कर रहे हैं तो अपने   जनसांख्यिकीय विवरण ( नाम, पता, जन्म तिथि, लिंग, मोबाइल और ईमेल )को अपडेट कर सकते हैं।
यह सुनिश्चित करें कि इस सेवा का उपयोग करते समय आपका मोबाइल नंबर आधार में पंजीकृत है।


आधार कार्ड के लाभ :-
•आधार संख्या प्रत्येक व्यक्ति के जीवन भर की पहचान है।
• आधार संख्या से आपको बैंकिंग, मोबाइल फोन कनेक्शन, सरकारी - गैर सरकारी सेवाओं का सुविधा  प्राप्त करने में आसानी।
• किफायती तथा सरल तरीके से ऑनलाइन विधि से सत्यापन
• सरकारी तथा गैर सरकारी संगठनों में अयोग्य व्यक्तियों की नकली  पहचान को समाप्त करने में ठोस मददगार।
• जाति, धर्म, पंथ, भौगोलिक स्थिति के आधार पर वर्गीकृत नहीं है ।



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